राजनीति

अयोध्या पर ऐतिहासिक फैसला मील का पत्थर: शाह

नई दिल्ली
'न यह मेरी जीत न तुम्हारी हार है, कोर्ट ने जो हमें दिया वह हमें स्वीकार है।' 70 वर्षों से चल आ रहा रामजन्मभूमि-बाबरी मस्जिद का विवाद सुप्रीम कोर्ट के ऐतिहासिक फैसले के साथ आखिरकार खत्म हुआ। सुप्रीम कोर्ट ने रामलला विराजमान के पक्ष में फैसला सुनाते हुए कहा कि सुन्नी वक्फ बोर्ड को कहीं और 5 एकड़ की जमीन दी जाए। इसके साथ ही कोर्ट ने केंद्र सरकार को निर्देश दिया है कि वह मंदिर निर्माण के लिए 3 महीने में ट्रस्ट बनाए। इस 'सुप्रीम' फैसले पर प्रतिक्रियाएं आनी शुरू हो गई हैं। सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत करते हुए सभी ने शांति व्यवस्था कायम रखने की अपील की। पढ़िए किसने क्या कहा-

श्रीराम जन्मभूमि पर सर्वसम्मति से आए सर्वोच्च न्यायालय के फैसले का मैं स्वागत करता हूं। मैं सभी समुदायों और धर्म के लोगों से अपील करता हूं कि हम इस निर्णय को सहजता से स्वीकारते हुए शांति और सौहार्द से परिपूर्ण ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ के अपने संकल्प के प्रति कटिबद्ध रहें।– अमित शाह, केंद्रीय गृह मंत्री

यह मसला बहुत अहम था, जो अब खत्म हो गया। मैं खुश हूं कि आखिरकार सुप्रीम कोर्ट ने आखिरकार फैसला दे दिया। मैं कोर्ट के फैसले का सम्मान करता हूं।- इकबाल अंसारी, मुस्लिम पक्षकार

अयोध्या विवाद पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला सामाजिक ताने बाने को और मजबूत करेगा। मैं लोगों से शांति और सौहार्द बनाए रखने की अपील करता हूं।- राजनाथ सिंह, केंद्रीय रक्षा मंत्री

सभी पक्षों की दलीलें सुनने के बाद SC की बेंच के पांचों जजों ने एकमत से आज अपना निर्णय दिया। हम SC के फैसले का स्वागत करते हैं। कई दशकों के विवाद पर आज SC ने निर्णय दिया। वर्षों पुराना विवाद आज खत्म हुआ। मेरी सभी लोगों से अपील है कि शांति एवं सौहार्द बनाए रखें- अरविंद केजरीवाल, दिल्ली सीएम

सुप्रीम कोर्ट ने जो फैसला दिया है वह सर्वमान्य है, हम सबका न्याय व्यवस्था में विश्वास है, लंबे समय से चल रहे विवाद का निपटारा हुआ है, यह अच्छी बात है।- पूर्व केंद्रीय संस्कृति राज्य मंत्री डॉ. महेश शर्मा

अयोध्या में शांति-व्यवस्था कायम रहनी चाहिए। हम इसका खास ख्याल रखेंगे क्योंकि हम देश के नागरिक हैं यह हमारी जिम्मेदारी है। सत्य की जीत हुई है। हम फैसले का स्वागत करते हैं। – शरद शर्मा, वीएचपी

अयोध्या मामले का फैसला विरोधाभासी है। हम फैसले से संतुष्ट नहीं है हालांकि हम फैसले को पूरा सम्मान देते हैं। आगे की कार्रवाई पर फैसला लेंगे। मैं देश के लोगों से अपील करता हूं कि किसी तरह का विवाद न उत्पन्न करें।- जफरयाब जिलानी, मुस्लिम पक्ष के वकील

सभी को सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत करें और शांति व्यवस्था बनाए रखें।- केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी

सुप्रीम कोर्ट के फैसले का सभी को स्वागत करना चाहिए, यह सामाजिक सौहार्द के हित में है। इस मुद्दे पर आगे कोई विवाद नहीं होना चाहिए, यह मेरी लोगों से अपील है।– नीतीश कुमार, बिहार मुख्यमंत्री

Tags

Related Articles

Close